वाराणसी से जुड़ी है, जो बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के विधि संकाय (Faculty of Law) के पुरातन छात्र सम्मेलन (Alumni Meet-cum-National Seminar) पर फोकस करती है। यह कार्यक्रम कल, 14 फरवरी 2026 (शनिवार) को होने वाला है।
मुख्य बातें और सारांश:
- मुख्य आकर्षण: यूपी और बिहार के 30-35% जज (सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के) BHU विधि संकाय के पूर्व छात्र हैं। इसे “फैक्टरी ऑफ जजेज” कहा जाता है।
- कार्यक्रम में सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के कई जज शामिल होंगे।
- सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस बीएस चौहान ऑनलाइन जुड़ेंगे।
- इलाहाबाद हाईकोर्ट (लखनऊ खंडपीठ) से जस्टिस अवधेश चौधरी सहित कुल 6 हाईकोर्ट जज (अलग-अलग हाईकोर्ट से) व्यक्तिगत रूप से आएंगे।
- सुप्रीम कोर्ट के अन्य न्यायविद, बंबई और इलाहाबाद हाईकोर्ट में 25+ साल प्रैक्टिस करने वाले वकील भी शामिल होंगे।
- कार्यक्रम का उद्देश्य:
- विकसित भारत 2047 से पहले विकसित न्यायिक व्यवस्था बनाने पर फोकस।
- 9 एजेंडे पर चर्चा और निष्कर्ष निकालकर एक डॉक्यूमेंट तैयार किया जाएगा, जिसे लॉ कमीशन ऑफ इंडिया, नीति आयोग, सुप्रीम कोर्ट, हाईकोर्ट, राज्य सरकार और केंद्र सरकार को भेजा जाएगा।
- 9 मुख्य एजेंडे (खबर से संकलित):
- विकसित भारत 2047 के लिए विकसित न्यायिक व्यवस्था।
- विकसित पार्लियामेंट और विकसित कानून-व्यवस्था।
- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की वैधानिकता।
- डिजिटल दुनिया में समावेशी न्याय।
- अंग्रेजों के जमाने की आपराधिक न्याय प्रणाली (क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम)।
- धर्म और न्यायशास्त्र (धर्म और एआई पर केंद्रित मुद्दे)।
- साइबर स्वतंत्रता और सुरक्षा।
- पर्यावरणीय न्याय और शासन।
- विधि की पढ़ाई करने वाले छात्रों को वकील के अलावा अन्य क्षेत्रों (जैसे लीगल कंसल्टेंट, पॉलिसी मेकिंग आदि) में नौकरियां/अवसर।
- अन्य महत्वपूर्ण बातें:
- BHU विधि संकाय से अब तक 103 बैच निकल चुके हैं। पहला बैच 1923 में निकला था।
- महामना पंडित मदन मोहन मालवीय खुद इलाहाबाद हाईकोर्ट के बड़े विधिवेत्ता थे; शुरुआत में पार्ट-टाइम कक्षाएं चलती थीं।
- 300+ पूर्व छात्रों का डिजिटल डेटाबेस बन गया है; अगले 2 महीने में 6,000+ को जोड़ा जाएगा।
- बीएचयू लॉ स्कूल एलुमनी न्यूजलेटर हर 4 महीने में प्रकाशित होगा।
- समन्वयक: प्रो. एसके गुप्ता (विधिवेत्ता, BHU)।
- डीन: प्रो. सीपी उपाध्याय – कहा कि यह संगम देश को कई न्यायिक पेचीदगियों से मुक्ति दिलाएगा।
- 200+ पूर्व छात्रों (जजों सहित) का पंजीकरण हो चुका है।
- कार्यक्रम का फॉर्मेट: Alumni Meet-cum-National Seminar – रजिस्ट्रेशन ओपन था (अब कार्यक्रम कल है, तो चल रहा होगा)। इसमें एकेडेमिशियन, प्रोफेशनल्स, स्टूडेंट्स, रिसर्चर्स सब शामिल हो सकते हैं।
यह कार्यक्रम BHU विधि संकाय की विरासत को मजबूत करने और भविष्य की न्याय व्यवस्था पर विचार-विमर्श का बड़ा मंच है। यूपी-बिहार में जजों की बड़ी संख्या BHU से आने के कारण यह “जजों का घर” माना जाता है। कार्यक्रम के बाद तैयार डॉक्यूमेंट नीति-निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

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