
आईआईटी बीएचयू में आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) ब्रांच से बीटेक कराया जाएगा। इसका एक अलग एआई विभाग भी बनेगा। अभी तक आईआईटी बीएचयू में 17 ब्रांच से बीटेक कराया जा रहा है और कुल 16 विभाग व चार स्कूल हैं। अब अगले 2-3 साल में एआई के आने के बाद 18वां ब्रांच और 16वां विभाग भी बनेगा। इसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
आईआईटी में अभी तक है एआई लैबः आईआईटी बीएचयू में एक एआई लैब बनाई गई है। इसे कोफोर्ज डेटा और आईआईटी ने मिलकर विकसित किया है। इसका एक समझौता किया गया है। इस लैब में सीएसआर के तहत छात्रों की एआई स्किल बढ़ाकर उन्हें वास्तविक दुनिया का अनुभव दिया जा रहा है। साथ ही उद्योगों से कनेक्ट कर शैक्षणिक सहयोग का स्थाई मॉडल विकसित किया जा रहा है। संस्थान में बेहतर भविष्य के लिए एआई और डेटा रिसर्च इकोसिस्टम तैयार किया जाएगा। रियल टाइम समस्याओं को तकनीक से हल किया जाएगा। डेटा और एआई तकनीक में स्किल बढ़ाने और सहयोग का वातावरण तैयार किया जाएगा।
एआई एग्रोटेक व एआई मेडिकल हेल्थ केयर पर करेंगे काम
आईआईटी बीएचयू के निदेशक प्रो. अमित पात्रा के अनुसार, एआई को लेकर अगले दो से तीन साल में बड़े निवेश होंगे। विभाग बनकर तैयार हो जाएगा और एआई में रिसर्च की जरूरत बहुत ज्यादा है। प्रो. पात्रा ने कहा कि फिलहाल ज्यादा जानकारी नहीं दी जा सकती, लेकिन काम ट्रैक पर है। आईआईटी बीएचयू में एआई एग्रोटेक और एआई मेडिकल हेल्थ केयर पर ज्यादा फोकस होगा। दोनों क्षेत्रों में रिसर्च होगी और इसके लिए बीएचयू के साथ सहयोग भी होगा। दोनों संस्थान मिलकर इस एआई के काम को आगे बढ़ाएंगे।
