
लखनऊ विश्वविद्यालय के न्यू कैंपस स्थित गंगा गर्ल्स हॉस्टल में खराब खाने के विरोध में बुधवार रात हुए छात्राओं के प्रदर्शन के मामले ने तूल पकड़ लिया है। छात्राओं ने कैमरे के सामने प्रोवोस्ट पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि बीती रात के प्रदर्शन के बाद प्रोवोस्ट ने उन्हें बाद में ‘दूसरे तरीके से’ देख लेने की धमकी दी है। इसके लिए प्रदर्शन के दौरान छात्राओं की तस्वीरें भी ली गई हैं।
बुधवार रात दो लड़कियों की तबीयत बिगड़ने के बाद ही वह प्रदर्शन के लिए बाध्य हुईं। बृहस्पतिवार की सुबह एक और छात्रा कशिश की भी तबीयत बिगड़ गई जिससे अन्य छात्राएं अपनी सेहत को लेकर चिंतित हैं। कहा कि शिकायतों पर यदि समय रहते ठोस कदम उठाया गया होता तो तीन लड़कियों की तबीयत नहीं बिगड़ती। इस मामले में बृहस्पतिवार को कुलपति प्रो. जेपी सैनी और प्रॉक्टर प्रो. राकेश द्विवेदी हॉस्टल पहुंचे और छात्राओं से बात की। छात्राओं का कहना है कि उन्होंने वीसी के सामने विस्तार से अपनी समस्याएं रखीं, लेकिन उनकी बात पूरी तरह सुनी नहीं गई। वार्ता के दौरान कुलसचिव डॉ. भावना मिश्रा, डीन आर्ट्स प्रो. अरविंद मोहन व डीन लॉ प्रो. आरके वर्मा भी मौजूद रहे।
से की खुलकर बात
छात्राओं ने टीम से खुलकर बात की। आरोप लगाया कि हॉस्टल की प्रोवोस्ट डॉ. नीतम सिंह बुधवार रात के प्रदर्शन से बेहद नाराज हैं और उन्होंने कुछ छात्राओं धमकाया है। आरोप है कि कुछ छात्राओं पर चारित्रिक टिप्पणी करते हुए उन्होंने अभद्र व्यवहार भी किया। इससे सभी छात्राओं में आक्रोश है। हालांकि, छात्राएं डर भी रही हैं कि बाद में कहीं उन्हें झूठे आरोपों में न फंसा दिया जाए।
मेस संचालक व प्रोवोस्ट को हटाने की मांग
छात्राओं ने प्रोवोस्ट नीतम सिंह और मेस संचालक को तत्काल हटाने की मांग की है। मांग के समर्थन में छात्राओं ने बृहस्पतिवार को भोजन का बहिष्कार किया और उपवास रखा। कहा कि जब तक मेस की व्यवस्था में सुधार नहीं किया जाता और प्रोवोस्ट को हटाया नहीं जाता, उनका विरोध जारी रहेगा।
सोयाबीन में चूहों ने बच्चे दिए
लविवि छात्रावासों में चलने वाले मेस में स्थितियां बेहद खराब हैं। मेस में इस्तेमाल होने वाले सोयाबीन का एक वीडियो बृहस्पतिवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था जिसमें साफ देखा जा सकता है कि उसमें चूहों ने अपने बच्चों को जन्म दिया हुआ है। यह वीडियो न्यू कैंपस के कौटिल्य छात्रावास के किचन का बताया जा रहा है। वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।
एफएसडीए की टीम पहुंची, किचन देखा
बुधवार की रात छात्राओं के हंगामे के बाद खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की टीम बृहस्पतिवार शाम गंगा गर्ल्स हॉस्टल पहुंची। टीम ने सहायक प्रोवोस्ट से मामले की जानकारी ली। इसके बाद में हॉस्टल के मेस का किचन देखा।
कुलपति ने लिए ये निर्णय
– सप्ताह में एक दिन कुलपति अब न्यू कैंपस में बैठेंगे।
– न्यू कैंपस के सभी छात्रावासों में प्रतिदिन एक घंटे की बैठक आयोजित होगी जिसमें छात्र छात्राएं अपनी समस्या बताएंगे।
– छात्रावास की क्षमता के अनुसार डाइनिंग एरिया में 25 प्रतिशत फर्नीचर की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
– महिला छात्रावासों में भोजन परोसने के कार्य में पुरुषों की जगह अब महिला कर्मियों को प्राथमिकता दी जाएगी।
लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जेपी सैनी का कहना है कि मेस से जुड़ी शिकायतों की जांच में गंभीर त्रुटियां सामने आई हैं। हैं। कुलसचिव को निर्देशित किया है कि पांच सदस्यीय समिति गठित कर मेस संचालकों को नोटिस जारी किया जाए। सभी मेस ठेकेदारों को अपना पक्ष रखने का एक मौका दिया जाएगा। संतोषजनक समाधान नहीं मिलने पर उनके अनुबंध समाप्त किए जाएंगे।
गंगा गर्ल्स हॉस्टल की प्रोवोस्ट डॉ. नीतम सिंह का कहना है कि छात्राओं के लगाए आरोपों पर मुझे कुछ नहीं कहना है। विश्वविद्यालय प्रशासन ही आरोपों पर कोई बयान जारी करेगा।
