
अमेरिका और इस्राइल हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के मारे जाने की खबर से काशी के मुस्लिम समुदाय भी मर्माहत हैं। शिया जमात ने उनके इंतकाल पर शिया जामा मस्जिद के इमाम-ए-जुमा मौलाना जफरुल हुसैनी ने सात दिन के शोक का एलान किया है।
वक्फ मस्जिद व कब्रिस्तान खास मौलाना मीर इमाम अली पितरकुंडा में रोजा इफ्तार हुआ। मगरिब की नमाज मौलाना जफर हुसैनी ने अदा कराई। मुल्क में अमन-ओ-आमन और तरक्की के साथ खामनेई के लिए दुआख्वानी की गई।
अंजुमन हैदरी ने नौहाख्वानी पेश की। इफ्तार व मजलिस में मौलाना मेहंदी रजा, मौलाना इश्तियाक अली, मौलाना बाकर रजा बलियावी, सैयद अब्बास मुर्तुजा शम्सी, इकबाल हुसैन, सैयद हैदर अब्बास चांद, हैदर मौलाई, नायाब रजा आदि ने शिरकत की। शुक्रिया मौलाना मौसूफ के खानवादे व संयोजक सैयद मुनाजिर हुसैन मंजू ने अदा किया।
आज करेंगे एहतेजामी जलसा
इमाम-ए-जुमा मौलाना जफरुल हुसैनी ने बताया कि ईरान पर किए गए हमले और खामनेई की मौत के विरोध में सोमवार को सुबह 11 बजे लाट सरैया में एहतेजाजी जलसा होगा। बनारस के उलेमाओं और लोगों से इस जलसे में शामिल होने की अपील की है। कहा कि सभी शांति प्रिय माहौल में शामिल होकर अपना विरोध जताएं।